2,400+ प्रदर्शकों के साथ उत्तर प्रदेश ने वैश्विक व्यापार के लिए खोला अवसरों का बड़ा द्वार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ: UPITS स्थानीय बाजार को वैश्विक बाजार से जोड़ने वाला सेतु है
पहले दिन वैश्विक सहभागिता, रूस–भारत बिजनेस डायलॉग और वियतनाम बिजनेस गतिविधियों ने बढ़ाया अंतरराष्ट्रीय जुड़ाव
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ODOC पहल के पोर्टल का किया शुभारंभ
छह पार्टनर देशों की सहभागिता ने UPITS 2026 को दिया सशक्त अंतरराष्ट्रीय आयाम
ग्रेटर नोएडा, 25 सितंबर 2026: उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो (UPITS 2026) के चौथे संस्करण का आज इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट, ग्रेटर नोएडा में भव्य शुभारंभ हुआ। पांच दिवसीय इस अंतरराष्ट्रीय व्यापार आयोजन का उद्घाटन केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ की गरिमामयी उपस्थिति में किया।
उद्घाटन समारोह में पार्टनर देशों के राजदूतों एवं वरिष्ठ राजनयिक प्रतिनिधियों की विशिष्ट उपस्थिति रही। इनमें महामहिम साइमन वोंग, सिंगापुर गणराज्य के उच्चायुक्त; महामहिम मिखाइल कास्को, बेलारूस गणराज्य के राजदूत; महामहिम त्रिन्ह मिन्ह मान्ह, वियतनाम समाजवादी गणराज्य के राजदूत; तथा महामहिम ओनो केइची, भारत में जापान के असाधारण एवं पूर्णाधिकारी राजदूत शामिल रहे। इनके साथ श्री भूपेंद्र चौधरी, माननीय मंत्री, एमएसएमई, उत्तर प्रदेश सरकार; राज्य सरकार के मंत्रीगण, वरिष्ठ सरकारी अधिकारी, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, निर्यातक, उद्यमी तथा देश-वदेश से आए व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल उपस्थित रहे।
25 से 29 सितंबर तक चलने वाला UPITS 2026 उत्तर प्रदेश की औद्योगिक शक्ति, पारंपरिक शिल्प कौशल, स्थानीय स्वाद और उभरते उद्यमों को घरेलू एवं वैश्विक खरीदारों के समक्ष प्रस्तुत कर रहा है। इस संस्करण में 2,400+ प्रदर्शकों, लगभग 90 देशों से 600 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदारों और पांच लाख से अधिक आगंतुकों की भागीदारी अपेक्षित है।
अपने उद्घाटन संबोधन में श्री अमित शाह ने उत्तर प्रदेश को भारत की धड़कन और सांस्कृतिक आत्मा बताते हुए कहा कि यह प्रदेश विकसित भारत के एक प्रमुख ग्रोथ इंजन के रूप में तेजी से उभर रहा है। राज्य के विशाल उपभोक्ता बाजार, युवा कार्यबल, कृषि शक्ति, पारंपरिक उद्योगों और विस्तारित होते विनिर्माण आधार का उल्लेख करते हुए उन्होंने विकास के अगले चरण को गति देने में बुनियादी ढांचे, उद्यमिता और निर्यात की भूमिका को रेखांकित किया। उन्होंने एक्सप्रेसवे, औद्योगिक गलियारों, लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर तथा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के विस्तारित नेटवर्क को कनेक्टिविटी और औद्योगिकीकरण के महत्वपूर्ण आधार के रूप में उल्लेखित किया।

UPITS को महज एक प्रदर्शनी से कहीं अधिक बताते हुए श्री शाह ने इसे व्यापार, निवेश, तकनीक, ब्रांडिंग, ज्ञान-विनिमय और सांस्कृतिक संवाद का साझा मंच बताया, जहां उत्तर प्रदेश की पारंपरिक क्षमताएं उसकी आधुनिक औद्योगिक शक्ति के साथ दिखाई देती हैं। उन्होंने कहा, “भारत में निवेश कीजिए और उत्तर प्रदेश में निवेश कीजिए। यह प्रदेश भारत की आर्थिक प्रगति की धड़कन और विकसित भारत का एक शक्तिशाली ग्रोथ इंजन बन रहा है।” UPITS की चार संस्करणों की यात्रा का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा, “पहले संस्करण ने उत्तर प्रदेश का परिचय कराया। दूसरे संस्करण ने दुनिया को उत्तर प्रदेश को समझने में मदद की। तीसरे संस्करण ने व्यापक भागीदारी को आमंत्रित किया और चौथा संस्करण उत्तर प्रदेश की विकास यात्रा में प्रत्यक्ष योगदान देने का माध्यम बन रहा है।”
केंद्रीय गृह मंत्री ने रक्षा विनिर्माण के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश की बढ़ती भूमिका का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारत का रक्षा उत्पादन लगभग ₹1.78 लाख करोड़ तक पहुंच गया है और भारतीय रक्षा उत्पादों का निर्यात लगभग 80 देशों में किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार ने न केवल डिफेंस कॉरिडोर विकसित किया है, बल्कि इसके माध्यम से विनिर्माण, निवेश और रोजगार की संभावनाओं को भी गति दी है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि UPITS 2026 नए व्यावसायिक समझौतों, निवेश के अवसरों और अंतरराष्ट्रीय सहयोग का मार्ग प्रशस्त करेगा।
अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडलों, खरीदारों, प्रदर्शकों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने UPITS को उत्तर प्रदेश की आकांक्षाओं, क्षमताओं और बदलती विकास यात्रा का प्रतिबिंब बताया। उन्होंने कहा कि यह ऐसा मंच है, जहां जिलों की प्रतिभा वैश्विक मांग से जुड़ती है, शिल्प कौशल आधुनिक तकनीक से मिलता है, एमएसएमई निवेश से जुड़ते हैं और नए उत्तर प्रदेश का विजन विकसित भारत के राष्ट्रीय संकल्प के साथ आगे बढ़ता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश एमएसएमई उत्कृष्टता, विनिर्माण क्षमता और निर्यात के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है तथा राज्य का निर्यात लगभग ₹2 लाख करोड़ तक पहुंच गया है। 90 से अधिक देशों के 600 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदारों की भागीदारी उत्तर प्रदेश के प्रति बढ़ते वैश्विक विश्वास को दर्शाती है। उन्होंने रोजगार सृजन, स्थानीय कौशल के संरक्षण और आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत बनाने में एमएसएमई की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने ODOC (One District One Cuisine) पहल के पोर्टल का शुभारंभ भी किया, जो उत्तर प्रदेश की समृद्ध खानपान और सांस्कृतिक विविधता को व्यापक बाजार से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री ने कहा, “यह नए भारत का नया उत्तर प्रदेश है—एक ऐसा प्रदेश जो केवल संभावनाओं की बात नहीं करता, बल्कि परिणाम देता है।”


श्री भूपेंद्र चौधरी, माननीय कैबिनेट मंत्री, एमएसएमई विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के एमएसएमई, उद्यमियों, कारीगरों और जिला-आधारित उद्यमों को बड़े घरेलू एवं अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने में UPITS की बढ़ती भूमिका को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में एक करोड़ से अधिक एमएसएमई इकाइयां हैं और UPITS राज्य भर के उद्यमों के लिए बाजार पहुंच, निवेश, निर्यात और रोजगार के नए अवसर सृजित करने वाला प्रभावी माध्यम बन रहा है।
UPITS 2026 में कृषि, ऑटोमोबाइल एवं ईवी, रक्षा, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी, खाद्य प्रसंस्करण, वस्त्र एवं हस्तशिल्प, स्वास्थ्य एवं फार्मास्यूटिकल्स, पर्यटन, नवीकरणीय ऊर्जा, लॉजिस्टिक्स, शिक्षा, वित्तीय सेवाओं और उभरती तकनीकों सहित अनेक क्षेत्रों की भागीदारी है, जो उत्तर प्रदेश के विस्तृत आर्थिक एवं औद्योगिक इकोसिस्टम की समग्र तस्वीर प्रस्तुत करती है।
औपचारिक उद्घाटन के तुरंत बाद आयोजन ने सक्रिय कारोबारी सहभागिता का रूप ले लिया। पहले दिन मुख्यमंत्री ने छह पार्टनर देशों के प्रतिनिधिमंडलों के साथ संवाद किया, जबकि आयोजन के पहले चरण में 280 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदारों ने भाग लिया। मुख्यमंत्री ने राजदूतों और उच्चायुक्तों के नेतृत्व वाले पार्टनर देशों के प्रतिनिधिमंडलों के साथ वन-टू-वन बैठकें कीं और इसके बाद विदेशी खरीदारों के साथ संवाद किया।
UPITS का पार्टनर-कंट्री फ्रेमवर्क अंतरराष्ट्रीय भागीदारी को केवल पवेलियन प्रदर्शन तक सीमित नहीं रखता। B2B बैठकें, मुख्यमंत्री स्तर के संवाद, कंट्री सेशन और राउंडटेबल विदेशी प्रतिनिधिमंडलों और उत्तर प्रदेश के व्यवसायों के बीच प्रत्यक्ष संवाद का अवसर प्रदान कर रहे हैं। वहीं सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, खानपान और देश-विशेष अनुभव अंतरराष्ट्रीय व्यापार को पीपल-टू-पीपल कनेक्ट का भी स्वरूप दे रहे हैं।
पहले दिन आयोजित रूस–भारत बिजनेस डायलॉग ने आयोजन को महत्वपूर्ण नीतिगत एवं औद्योगिक आयाम दिया। रूसी प्रतिनिधिमंडल में भारत में रूसी संघ के व्यापार प्रतिनिधित्व से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी, जिनमें श्री एंड्री सोबोलेव, ट्रेड कमिश्नर तथा डॉ. एवगेनी ग्रिवा, डिप्टी ट्रेड कमिश्नर शामिल रहे। “Russia–India: New Opportunities for Trade, Investment, and Economic Cooperation” विषय पर आयोजित विशेष सत्र में दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश और आर्थिक सहयोग की नई संभावनाओं पर चर्चा हुई। रूस की भागीदारी में औद्योगिक तकनीक एवं गैस, प्रयोगशाला एवं डायग्नोस्टिक समाधान, मेडिकल ऑक्सीजन सिस्टम और बिजनेस सर्विसेज जैसी विशेषज्ञ क्षमताएं शामिल हैं।

UPITS 2026 में वियतनाम की भागीदारी ने अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी को विशेष विविधता प्रदान की। वियतनाम की उपस्थिति एविएशन, पर्यटन, हेल्थकेयर, कृषि, हस्तशिल्प, सांस्कृतिक उत्पाद, फार्मास्यूटिकल्स, टेक्सटाइल एवं गारमेंट्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल और रिसाइकिल्ड फाइबर जैसे क्षेत्रों तक विस्तृत है। राउंडटेबल बैठक में वियतनाम का प्रतिनिधित्व महामहिम राजदूत श्री त्रिन्ह मिन्ह मान्ह ने किया। उनके साथ Vietnam Airlines, Vietjet और Vingroup सहित विभिन्न कंपनियों एवं संगठनों के प्रतिनिधि भी शामिल रहे। “Vietnam: Innovation Technologies & Tourism” विषय पर आयोजित विशेष कार्यक्रम के बाद Vietnam Food Festival और वियतनाम के सांस्कृतिक दल की प्रस्तुति ने व्यापारिक सहभागिता को पर्यटन, खानपान और संस्कृति के आकर्षक अनुभव से जोड़ा।
प्रदर्शनी हॉल में पहले दिन UPITS की व्यापक विविधता और उत्साह स्पष्ट दिखाई दिया। स्थापित विनिर्माताओं के साथ एमएसएमई, स्टार्टअप्स, कारीगर, निर्यातक, टेक्नोलॉजी कंपनियां और युवा उद्यमी एक ही मंच पर नजर आए, जहां पारंपरिक उत्पादों से लेकर उभरती तकनीकों तक की विस्तृत श्रृंखला ने आगंतुकों को आकर्षित किया। ODOP ने एक बार फिर उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों के विशिष्ट उत्पादों और शिल्प कौशल को प्रमुखता से प्रस्तुत किया। इसके साथ ODOC ने राज्य की खानपान पहचान को केवल स्वाद तक सीमित न रखते हुए उसे हॉस्पिटैलिटी, फूड प्रोसेसिंग, पर्यटन और ब्रांडिंग से जुड़ी आर्थिक संभावनाओं के रूप में सामने रखा। वहीं CM YUVA ने युवा उद्यमों को मंच और दृश्यता प्रदान करते हुए UPITS के उद्यमिता पक्ष को और सशक्त बनाया। इससे यह संदेश सामने आया कि UPITS केवल स्थापित व्यवसायों का मंच नहीं, बल्कि रोजगार सृजित करने वाली नई पीढ़ी के उद्यमियों के लिए भी अवसरों का बड़ा प्लेटफॉर्म बन रहा है। पांच दिवसीय आयोजन में लगभग 300 महिला प्रतिनिधियों की भागीदारी राज्य के कारोबारी इकोसिस्टम में महिलाओं की बढ़ती भूमिका को भी रेखांकित करती है।


दिनभर चली व्यावसायिक बैठकों और गतिविधियों के बीच UPITS ने उत्तर प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान की भी आकर्षक झलक प्रस्तुत की। उद्घाटन दिवस के सांस्कृतिक कार्यक्रम का शुभारंभ बागपत की रश्मि आर्या द्वारा शंखनाद एवं स्वस्ति वाचन के साथ हुआ। इसके बाद लखनऊ की सुश्री मालविका हरिओम का लोक गायन, मथुरा की सुश्री सीमा मोरवाल द्वारा मथुरा का लोकनृत्य, लखनऊ की सुश्री आकांक्षा श्रीवास्तव की कथक नृत्य नाटिका तथा कानपुर/मुंबई की सुश्री आकांक्षा त्रिपाठी की भजन प्रस्तुति ने दर्शकों को उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक विविधता से रूबरू कराया।
ज्ञान सत्रों, कंट्री डायलॉग, अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के साथ संवाद, B2B मैचमेकिंग, ODOP एवं ODOC शोकेस, युवा उद्यमिता, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और सेक्टर-विशिष्ट प्रदर्शनियों के साथ UPITS 2026 ने अपने पहले ही दिन यह स्पष्ट कर दिया कि यह आयोजन एक पारंपरिक ट्रेड शो से कहीं आगे बढ़कर व्यापार, संस्कृति, नवाचार और वैश्विक साझेदारी का व्यापक मंच बन चुका है।
UPITS 2026 का आयोजन इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट, ग्रेटर नोएडा में 29 सितंबर 2026 तक जारी रहेगा।




